CTET UPTET General Properties of Water Study Materials in Hindi

CTET UPTET General Properties of Water Study Materials in Hindi

CTET UPTET General Properties of Water Study Materials in Hindi

CTET UPTET General Properties of Water Study Materials in Hindi

CTET UPTET General Properties of Water Study Materials in Hindi

जल के सामान्य गुण CTET UPTET General Properties of Water Study Material in Hindi

शुद्ध पानी रंगहीन, गन्धीन, स्वादहीन और पारदर्शी होता है। सामान्य ताप पर पानी द्रव के रूप में रहता है। जब पानी को ठण्डा किया जाता है तब बर्फ बन जाता है, अर्थात यह द्रव स ठोस अवस्था में बदल जाता है जब पानी को उबाला जाता है तो यह भाप बन जाता है अर्थात यह द्रव से गैसीय में बदल जाता हैं इस प्रकार पानी ठोस द्रव और गैस जैसी तीन अवस्थों में रह सकता है।

कठोर और मृदु जल CTET UPTET Hard and Soft Water Study Material in Hindi

जल में अनेक पदार्थ घुल जाते है, अर्थात जल अच्छा विलायक है। नदियों, झीलों और कुओँ से प्राप्त जल में कई लवण विभिन्न मात्रा में घुल रहते हैं। ये घुले हुए लवण पानी के कुछ गुणों को बदल सकते है शुद्ध पानी स्वादहीन होता है। पानी में घुले लवमों से उसमें स्वाद आ जाता है। हम देखते हैं कि कुछ स्रोतों से प्राप्त जल साबुन के साथ आसानी से फेल (झाग) पैदा करता है, उसे मृतु जल कहते हैं।

पानी में कैल्शियम और मैग्नीशियम के लवण की उपस्थिति के कारण पानी कठोर हो जाता है। कुछ लवण पानी को कठोर बनाते हैं और कुछ लवण नहीं बनाते हैं। पानी को कठोर बनाने वाले लवण है –कैल्शियम क्लोराइड, कैल्शियम सल्फेट, मैग्नीशियम क्लोराइड, मैग्नीशियम सल्फेट, कैल्शियम कार्बोनेट और मैग्नीशियम कार्बोनेट आदि।

कठोर जल पानी के लिए उपयुक्त होता है। किन्तु कुछ कार्यों में अनुपयुक्त होता है। यदि साबुन से कपड़ा धोने के ले कठोर जल का इस्तेमाल किया जाए तो गन्दगी आसानी से नहीं हटाई जा सकती ह। अत: कठोर पानी उपयुक्त नहीं होता है।

पेयजल CTET UPTET Drinking Water Study Material in Hindi

पेयजल रंगहीन, गन्धहीन, स्वच्छ एवं पारदर्शक होता है। यह निलम्बित अशुद्धियों एवं विभिन्न जीवाणुओं से मुक्त होता है। किन्तु इसमें कुछ खनिज लवण घुले रहते हैं जो हमारे स्वास्थ्य के लिए लाभकारी होते हैं तथा जल को स्वादिष्ट भी बनाते हैं। सामान्यत: कुएँ एवं नलकूप का जल पूने योग्य होता है। अत: इसको शुद्ध करने की आवश्यकता नहीं पड़ती हाष यदि जल में भयानक रोगों यथा टाइफॉयड, कॉलर, पेचिश आदि को उत्पन्न करने वाले जीवाणु मिले रहते हैं तो जल को शुद्ध करना आवश्यक हो जाता है। यही कारण है कि महामारी के समय में और विशेषकर बाढ़ आने पर तथा उसके बाद कुछ दिनों तक जल को आधे घण्टे तक उबालकर तथा पुन: ठण्डा करक पीते हैं। कुएँ में या नलकूप के जल में पोटैशियम परमैगनेट अथवा विरंजक चूर्ण (ब्लीचिंग पाउटर) डाल देते है। घर में भी जल में पोटैशियम परमैगनेट अथवा ब्लीचिंग पाउडर मिला सकते हैं। ब्लीचिंग पाउडर मिलाने के बाद जल करो छानकर पीना चाहिए जल को उबालने से अथवा उसमें पोटैशियम परमैगनेट अथवा ब्लीचिंग पाउडर मिलाने से जल में उपस्थित रोग के जीवाणु नष्ट हो जाते है। पीने के योग्य जल को पेयजल कहते हैं। इस प्रकार, उपरोक्त विधियों द्वारा छोटे पैमाने पर पेयजल बनाया जा सकता है।

प्रदूषित जल CTET UPTET Polluted Water Study Material in Hindi

नदी, तालाब, झील, झरना आदि का प्राकृतिक जल भी अवांछित एवं हानिकार अशुद्धियाँ घुल जाती हैं। यही जल जमीन के अन्दर जाता है जिसे हम कुएँ या नलकूपों द्वार प्राप्त करते हैं। अत: कुएँ या नलकुपों का जल अर्थात अन्त:स्थलीय जल भी प्राय: अति सुक्ष्म जीवों एवं अनेक रासायनिक पदार्थों की उपस्थिति के कारम प्रदूषित हो जाता है। प्रदूषित जल सभी जीव –जन्तु एवं पौधों के लिए हानिकारक होता है। इसकों पीने से मनुष्य विभिन्न रोगों का शिकार हो जाता है। इसका उपयोग करने पर मनुष्य इसके जीवाणों द्वारा उत्पन्न कॉलरा, टायफॉयड, पेचिश जैसी भयंकर बीमारियों रसे ग्रस्त हो जाता है। प्रदूषित जल में रहने वाले जलचर भी प्रभावित होते हैं। कभी-कभी प्रदूषित जल में जलचरों की बड़े पैमाने पर मृत्यु हो जाती है। जल में चलचरों की बड़े पैमाने पर मृत्यु हो जीती जल में मृत जीवों के शव के सड़ने से जल और भी प्रदूषित हो जाता है। इस प्रकार प्रदूषित जल हमारे दैनिक कार्यों में उपयोग के योग्य नहीं रह जाता है। जब कोई जल नहाने या पीने के योग्य नहीं रह जाता है, तो उसे प्रदूषित जल कहते हैं।

More CTET UPTET Study Material in Hindi

Join Our CTET UPTET Latest News WhatsApp Group

Like Our Facebook Page

 
Posted in CTET Study Material, Govt. Jobs Tagged with: , , ,

Leave a Reply

Your email address will not be published.

About Me

Manoj Saxena is a Professional Blogger, Digital Marketing and SEO Trainer and Consultant.

Categories